
आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) अब सिर्फ तकनीक का हिस्सा नहीं रही, बल्कि यह इंसानी भावनाओं को भी छूने लगी है। इसका एक बेहद इमोशनल उदाहरण Reddit के सह-संस्थापक एलेक्सिस ओहानियन ने हाल ही में शेयर किया, जिसने सोशल मीडिया पर लाखों दिलों को छू लिया।
📸 मां की पुरानी तस्वीर से बना भावनात्मक वीडियो
ओहानियन, जो मशहूर टेनिस स्टार सेरेना विलियम्स के पति भी हैं, ने अपनी 20 साल पहले गुजर चुकी मां की एक तस्वीर को AI की मदद से एक छोटी सी मोशन क्लिप में बदला। इस वीडियो में ऐसा प्रतीत होता है मानो वे अपनी मां को गले लगा रहे हैं। भले ही यह कुछ सेकंड का एनिमेशन है, लेकिन उनके लिए यह बहुमूल्य स्मृति का टुकड़ा बन गया।
📝 एलेक्सिस का अनुभव — “मैं तैयार नहीं था”
इस भावुक अनुभव को साझा करते हुए ओहानियन ने कहा कि जब उन्होंने यह क्लिप पहली बार देखी, तो वो इसके लिए मानसिक रूप से तैयार नहीं थे। उनके पास मां के साथ कोई वीडियो नहीं था, इसलिए उन्होंने अपनी एक पसंदीदा तस्वीर को AI की मदद से जीवंत बनाने की कोशिश की।
उन्होंने यह भी कहा कि उन्होंने इस वीडियो को बार-बार देखा और हर बार यह उनके दिल को छू गया।
🤔 लोगों की राय बंटी हुई
जहां बहुत से लोग इस तकनीक को आश्चर्यजनक और भावनात्मक रूप से सशक्त मान रहे हैं, वहीं कुछ लोगों को इससे असहजता भी महसूस हुई।
कुछ का मानना है कि AI से बनी नकली यादें असली यादों की अहमियत को कम कर सकती हैं, जबकि कुछ ने इसे “भावनात्मक भ्रम” करार दिया।
इसके बावजूद, अधिकतर लोग इसे एक बेटे के अधूरे सपने को कुछ पल के लिए पूरा करने जैसा मान रहे हैं।
🤖 AI की इंसानी भावना से जुड़ने की दिशा में नई शुरुआत
यह उदाहरण दिखाता है कि AI सिर्फ रोबोट या चैटबॉट तक सीमित नहीं रह गया है, बल्कि यह अब बीते हुए लम्हों को महसूस कराने का माध्यम भी बन सकता है।
भविष्य में यह तकनीक उन लोगों के लिए राहत बन सकती है, जो किसी प्रिय को खो चुके हैं और उनके साथ बिताए गए पलों को दोबारा महसूस करना चाहते हैं।
💬 क्या कहती है आपकी राय?
क्या आप भी कभी अपनी किसी प्यारी याद को फिर से जीना चाहेंगे, चाहे वो कुछ सेकंड के लिए ही क्यों न हो?
नीचे कमेंट करें और बताएं — क्या आप AI के इस इमोशनल इस्तेमाल के पक्ष में हैं या विरोध में?