
पिछले कुछ दिनों में देश भर से लगातार बड़े हादसों की ख़बरें सामने आई हैं। सिर्फ 4 दिनों में 4 बड़ी घटनाएं हुई हैं, जिनमें सैकड़ों लोगों की जान गई है और कई अब भी लापता हैं। ये घटनाएं एक के बाद एक हुईं, जिससे पूरे देश में शोक और चिंता का माहौल बना हुआ है।
✈️ अहमदाबाद में प्लेन क्रैश (12 जून, 2025)
12 जून को देश को झकझोर देने वाली सबसे बड़ी घटना घटी जब एयर इंडिया का एक विमान उड़ान भरने के चंद सेकंड बाद ही क्रैश हो गया। यह हादसा अहमदाबाद के एक रिहायशी इलाके में हुआ, जिससे ज़मीन पर भी कई लोग इसकी चपेट में आ गए। इस दुर्घटना में अब तक 270 लोगों की जान जा चुकी है, जिनमें गुजरात के पूर्व मुख्यमंत्री विजय रूपाणी भी शामिल थे।
🚁 उत्तराखंड में हेलीकॉप्टर हादसा (15 जून, 2025)
15 जून की सुबह एक और दुखद ख़बर आई जब केदारनाथ से गुप्तकाशी जा रहा एक हेलीकॉप्टर दुर्घटनाग्रस्त हो गया। हादसे में 7 लोगों की मौत हो गई, जिसमें एक 2 साल का मासूम बच्चा भी शामिल था। राहत कार्य जारी हैं, लेकिन दुर्घटना की वजह अब तक साफ़ नहीं हो पाई है।
🌉 महाराष्ट्र में पुल गिरा (15 जून, 2025)
इसी दिन दोपहर को महाराष्ट्र के पुणे जिले के मावल इलाके में इंद्रायणी नदी पर बना एक पुराना पुल अचानक ढह गया। घटना के समय पुल पर कई लोग मौजूद थे। रिपोर्ट के अनुसार, 25 से 30 लोग नदी में गिरकर लापता हो गए हैं। अब तक दो शव बरामद किए गए हैं, जबकि रेस्क्यू ऑपरेशन तेज़ी से जारी है।
🏚️ मथुरा में मकान ढहने से कई लोग दबे (15 जून, 2025)
रविवार को ही उत्तर प्रदेश के मथुरा जिले में गोविंद नगर इलाके में एक टीला खिसकने के कारण 5 मकान धराशायी हो गए। मलबे के नीचे कई लोग फंसे हुए हैं। इनमें निर्माण कार्य में लगे मजदूर और आसपास के परिवार शामिल हैं। राहत और बचाव कार्य युद्ध स्तर पर जारी है।
🕯️ देश में शोक की लहर
इन चारों घटनाओं ने न सिर्फ़ सैकड़ों परिवारों को गम में डुबो दिया है, बल्कि यह सवाल भी खड़े किए हैं कि आपदा प्रबंधन, संरचनात्मक सुरक्षा और यातायात साधनों की निगरानी को लेकर क्या अब ज़्यादा गंभीर कदम उठाने की ज़रूरत है?
📌 निष्कर्ष
चार दिनों में चार गंभीर घटनाएं – यह सिर्फ़ संयोग नहीं, बल्कि एक चेतावनी है कि हमें सुरक्षा मानकों, मौसम पूर्वानुमान, और ढांचागत सुविधाओं की निगरानी पर दोबारा गंभीरता से काम करना होगा। इन हादसों ने कई ज़िंदगियां छीन ली हैं और देश को गहरे सोच में डाल दिया है।